Haider Aid

  • Breaking News

    भारतीय सेना ने चीनी सेना पर कहर ढाया,चीन के सैनिकों की गर्दन तोड़ लिया बदला


    We News 24 Hindi » नई दिल्ली 

    अमित मेहलावत  की रिपोर्ट 


    नई दिल्ली: अपने कमांडिंग ऑफिसर कर्नल बी. संतोष बाबू के शहीद होने के बाद भारतीय  जवानों ने गलवान घाटी में 15 जून को चीनी सेना पर टूट पड़ा .भारतीय सैनिकों ने चीन की बर्बरता का बदला चीन के सैनिकों की गर्दन तोड़ कर ली . सूत्रों के मुताबिक, भारत-चीन के सैनिकों के बीच करीब 4 घंटे तक झड़प चली.   

    ये भी पढ़े-सूंघने और स्‍वाद की क्षमता का खत्‍म होना कोरोना वायरस के नए लक्षणों में शामिल


    इतना ही नहीं, भारतीय सेना ने गलवान घाटी में चीन के गुरूर को चकनाचूर कर उसके घमंड को धुल कहता दिया . भारत  के जांबाजों के शौर्य से चीन की ताकत पर ऐसा ग्रहण लगा जिसकी दर्द चीन सपने में भी कभी नहीं भूलेगा. सूत्रों के मुताबिक खबर है कि गलवान घाटी की झड़प में भारतीय सेना ने चीन के एक कर्नल को जिंदा पकड़ लिया था। भारतीय सेना के साथ टकराव में चीन के 45 से 50 सैनिक मारे गए  जिसको चीन पूरी दुनिया से छुपाते फिर रहा  जैसे की कोरोना को लेकर वो पूरी दुनिया से झूठ बोल रहा था .

    ये भी पढ़े-तमिलनाडु सरकार ने चेन्‍नई और उसके आसपास के इलाकों में आज से लॉकडाउन लागू की


    गलवान घाटी से जो खबर आई है, वो चीन को लेकर सोच बदलने वाली है. चीन अपनी ताकत को हमेशा बढ़ा चढ़ा कर पेश करता आया है लेकिन लद्दाख की हिंसक झड़प भारत ने चीन को मुंह तोड़ जवाब दिया और उसकी औकात दुनिया के सामने ला दी. 


    गलवान घाटी में चीन के गुरूर को चकनाचूर कर दिया

    भारतीय सेना ने गलवान घाटी में चीन के गुरूर को चकनाचूर कर दिया था. भारत  के जांबाजों के शौर्य से चीन की ताकत पर ऐसा ग्रहण लगा जिसकी टीस चीन कभी नहीं भूल सकेगा. सूत्रों के मुताबिक खबर है कि गलवान घाटी की झड़प में भारतीय सेना ने चीन के एक कर्नल को जिंदा पकड़ लिया था. भारतीय सेना के साथ टकराव में चीन के 45 से 50 सैनिक मारे गए थे. और वो भी तब जब भारतीय सेना के पास उस वक्त कोई हथियार नहीं था.

    ये भी पढ़े-कलवार,कलार,कलाल,समाज का विरोध रंग लाया ,नहीं चलेगा डीडी भारती,जी टीवी पर विष्णु पुराण सीरियल के विवादित एपिसोड


    रक्षा मंत्री ने की लद्दाख के हालात की समीक्षा
    रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने प्रमुख रक्षा अध्यक्ष जनरल बिपिन रावत और तीनों सेनाओं के प्रमुखों के साथ लद्दाख में हालात पर उच्च स्तरीय बैठक की. सूत्रों के मुताबिक, रक्षा मंत्री ने समीक्षा बैठक में कहा कि सशस्त्र बलों को वास्तविक नियंत्रण रेखा पर चीन की सेना के किसी भी प्रकार के आक्रामक रवैए से निपटने के लिए पूरी स्वतंत्रता दी गई है. चीन के साथ लगती सीमा की रक्षा के लिए भारत अब से अगल सामरिक तरीके अपनाएगा. भारतीय बलों को पूर्वी लद्दाख और अन्य सेक्टरों में चीन के किसी भी दुस्साहस का मुंह तोड़ जवाब देने के लिए पूरी तरह से तैयार रहने को कहा गया है. 

    Header%2BAidWhats App पर न्यूज़ Updates पाने के लिए हमारे नंबर 9599389900 को अपने मोबाईल में सेव  करके इस नंबर पर मिस्ड कॉल करें। फेसबुक-टिवटर पर हमसे जुड़ने के लिए https://www.facebook.com/wenews24hindi और https://twitter.com/Waors2 पर  क्लिक करें और पेज को लाइक करें

    Post Top Ad

    Post Bottom Ad